Skip to main content

Posts

Impouiding maintenance

  भवन अनुरक्षण (Building maintenance)   भवन की प्रत्येक सुविधा को बनाए रखने, पुनर्स्थापित करने या सुधारने के लिए किए गए कार्य को  भवन अनुरक्षण के रूप में परिभाषित किया गया है, अर्थात, भवन के प्रत्येक भाग, उसकी सेवाओं और वर्तमान में स्वीकार्य मानक के लिए और सुविधा की उपयोगिता और मूल्य को बनाए रखने के लिए। जो जो कार्य किए जाते है। उसे भवन अनुरक्षण (Building maintenance) कहते है।  उपयोगिता   अगर हम किसी भी चीज को ठीक से काम करने की स्थिति में रखना चाहते हैं, तो उसका रखरखाव करना बहुत जरूरी हो जाता है। अगर हम अपने शरीर का उदाहरण लें और अगर हम अपने शरीर को फिट रखना चाहते हैं। नियमित जांच और डॉक्टरों से परामर्श करके इसे उचित कार्यशील स्थिति में बनाए रखना आवश्यक है। उसी प्रकार भवन के मामले में भी हमें उसके संचालन की देखभाल करनी होती है और यदि हमें ऐसा लगता है कि भवन के किसी क्षेत्र में कोई समस्या उत्पन्न हो रही है। फिर इसकी पहचान कर प्रारंभिक चरण में ही अभियंता से परामर्श कर समस्या का समाधान करने का प्रयास करना होगा। ताकि इसके लिए लागत में वृद्धि न हो  रखरखाव ...

major parts of compass

  Major    parts of compass  (1) compass box   It is a cylindrical metal box of about 8 cm to 12 cm diameter (2) Pivot   (3) Magenetic needle   In prismatic compass - The needle does not act as an index. And needle is of broad type In surveyor compass- The needle acts as an index . And edges bar type. (4) Graduated ring  In prismatic compass - (i) The graduated ring is attached to the needle. (ii) The graduated ring does not rotate along with the line of sight.  (iii) The graduations are in whole circle bearing system  (iv) 0° at south ,90° at west ,180° at north and 270° at east.  (v) The graduations are engraved inverted.  In surveyor compass - (i) The graduated ring is attached to the circular box. (ii) The graduated ring rotate along with the line of sight.  (iii) The graduations are in quadrantal system  (iv) 0° at north and south and 90° at east and west , (v) The graduations are engraved erect. (5) Agate Cap...

Surveying MCQ part 5

 1- समतल सतह कहते है। a) कुछ बिंदुओ की  पृथ्वी के केंद्र से दूरी समान हो  b) उस सतह पर स्थित सभी बिंदुओ की केंद्र से दूरी अलग अलग हो। c) उस सतह पर स्थित सभी बिंदुओ की केंद्र से दूरी समान हो  d) सभी बिंदू एक सीधी रेखा में स्थित हो  2- क्षैतिज समतल उस सतह को कहते है। a) समतल सतह को ही क्षैतिज समतल भी कहते है। b) समतल सतह के किसी बिंदु का स्पर्शज्या क्षैतिज समतल कहलाता है। c) समतल सतह के सभी बिंदु का स्पर्शज्या क्षैतिज समतल कहलाता है। d) सभी  3- क्षैतिज रेखा तथा समतल रेखा के विषय में क्या सही है।  a) समतल सतह पर स्थित कोई रेखा समतल रेखा कहलाती है।और क्षैतिज समतल पर स्थित रेखा क्षैतिज रेखा कहलाती है। b) दोनो रेखा एक ही होती है। c) दोनो रेखाएं हमेसा एक दूसरे को कभी नहीं  काटेंगी  d) सभी सही है। 4- समानीत तल होता है। a) एक सीधी रेखा  b) समतल सतह  c) समतल रेखा  d) निर्देशित तल से किसी बिंदु की ऊंचाई या गहराई  5- निर्देशित तल चिन्ह होता है। a)G.T.S  b) स्थायी तल चिन्ह  c) अस्थायी तल चिन्ह  d) उपरोक्त सभी  6- सम...

Steel structures MCQ part 7

 1- जालक स्तम्भ कहते है। a) T खण्ड को  b) कोणीय खण्ड को  c) संघटित खण्ड जिसमे लेंसिंग प्रयोग की गई है। d) दो कोणीय खण्डो का संघटित खण्ड से बना स्तंभ  2- लेंसिंग कहते है। a) रिवेट को  b) बोल्ट को  c) पतली पट्टी जो संघटित स्तंभ को बांधने के लिए प्रयोग की जाती है। d) एक प्लेट जो दो कॉलम खण्ड को बांधती है। 3- जालक छड़ की चौड़ाई होती है। a) रिवेट के व्यास के बराबर  b) रिवेट के व्यास के दो गुने के बराबर  c) रिवेट के व्यास के तीन गुने के बराबर  d)रिवेट के व्यास के चार गुने के बराबर  4-  एकल जालक छड़ की मोटाई होती है। a) प्रभावी लम्बाई का 1/28  b)प्रभावी लम्बाई का 1/40  c)प्रभावी लम्बाई का 1/45 d)प्रभावी लम्बाई का 1/60  5- जालक फ्लैट की न्यूनतम परिभ्रमण त्रिज्या होती है। a) r min = t√12  b) rmin= t√20 c)  r min = t√15  d) r min = t√25  6- जालक फ्लैट की तनन सामर्थ्य होनी चाहिए। a) (b-d)xtxσac के बराबर होना चाहिए। b) σbcx fy x A  c) (b-d)xtx2σac  d) 3(b-d)xtxσac  7- दोहरा लेंसिंग किसे कहत...

धरन Beam part 1

  धरन (Beam ) धरन एक संरचनात्मक सदस्य हैं जिसकी लम्बाई उसकी चौड़ाई से अधिक होती है।इस पर अनुप्रस्थ भार लगता है। धरनों के प्रकार ( types of beam)  (1) शुद्धलम्बित धरन ( simply supported beam)  ऐसी धरन जिसके सिरे मुक्त रूप से दीवारों या स्तंभ अथवा नुकीले सिरों पर आलंबित होते है तो इसे शुद्धलम्बित धरन कहते है।  (2) प्रास धरने (cantilever Beam)   जब धरन का एक सिरा जी फिक्स होता है और दूसरा सिरा मुक्त होता है तो इसे प्रास धरन कहते है  (3) आबद्ध या संघटित धरने  जब धरन के दोनो सिरे पूरी तरह दृढ़ आबद्ध हो  तो इस प्रकार की धरने आबद्ध या संघटित धरने  कहते है। (4) सतत धरने  जब कोई धरन दो से अधिक अलम्बो पर टिकी हो तो ऐसे धरनों को सतत धरन कहते है।  धरन खण्डो के प्रकार  इस्पात के विभिन्न खण्ड धरन के रूप में प्रयुक्त होते है।कोणीय और T खण्ड बकन में कमजोर होने के कारण धरन के लिए उपयुक्त नहीं है।  कम भार के लिए चैनल खण्ड का प्रयोग धरन के रूप में किया जा सकता है।  धरन के लिए सबसे सही I खण्ड होता है। एक एकल वेल्लित इस्पात I खण्ड अवशयक आ...

लेंसिंग सिस्टम स्टील स्ट्रक्चर

  संघटित स्तम्भ ( जालक स्तम्भ) Built up Column  (Latticed Column)  जब किसी विशिष्ट आकृति या बड़े परिभ्रमण त्रिज्या की आवश्यकता दो दिशाओं में पड़े, तो एक संयोजी खण्ड का निर्माण करते है।  भारी भरकम भारित लंबे स्तंभ के मितव्ययी अभिकल्पन के लिए स्तंभ खण्ड की न्यून्यतम परिभ्रमण त्रिज्या को बढ़ा कर अधिकतम ryy≥ rzz कर दिया जाता है। इस शर्त को पूरा करने के लिए खण्ड को स्तम्भ के  केंद्रक अक्ष से दूर रखकर किसी अन्य संयोजन पद्धति से जोड़ा जाता है।इसे ही लैटिस या जालक पद्धति कहते है।  जालक   1 जालक छड़ ( lacing bar)  2 जालक स्तम्भ का अभिकल्पन  3 बैटन प्लेट ( Batten plate)  4 बैटन स्तंभ का अभिकल्पन ( Design of battened Column)  5 छिद्रक आवरण पट्टिका ( Perforated cover plate)  लेसिंग ( Lacing)  लेंसिंग एक पतली पट्टिका होती होती है जो कलम के दो घटकों को एक सुविधा जनक झुकाव पर जोड़ता है। लेंसिंग का उद्देश्य  स्तम्भ के विभिन्न अवयवों को सीधा ,समांतर एक सही दूरी पर जोड़ना और प्रतिबलो का एक समान वितरण करना है। सामान्यत: ये कीलक वोल्ट सि...

Levelling तलेक्षण part 1

  तलेक्षण की परिभाषा( Definition of levelling)  भूमि पर स्थित किसी बिंदु की ऊंचाई या गहराई किसी निर्देशित तल से ज्ञात करना तलेक्षण या तल मापन कहलाता है। इसके द्वारा ही भूमि पर स्थित विभिन्न बिंदुओ की सापेक्ष उच्चता ज्ञात की जा सकती है।  तलेक्षण का सिद्धांत  इसके अनुसार यदि किसी बिंदु पर गज का पाठ्यांक अधिक पढ़ा जाता है, तो वह बिंदु नीचे होगा। और यदि यदि किसी बिंदु पर गज का पाठ्यांक कम पढ़ा जाता है, तो वह बिंदु ऊपर होगा।  तलेक्षण से संबंधित मूल शब्दावली।    ( Basic terms used in levelling)  (1) समतल सतह ( Level Surface)  समतल सतह ऐसी सतह को कहते है, जिस पर स्थित प्रत्येक बिंदु पृथ्वी के केंद्र से समान दूरी पर हो ,और इसके सभी बिंदुओ की ऊंचता समान हो।  इस प्रकार समतल सतह सदा पृथ्वी की माध्य गोलाभ सतह( Mean Spheroidal Surface) ke समांतर होगी और साहुल रेखा के लम्बवत होगी। पृथ्वी का धरातल वक्र होने के कारण समतल सतह भी वक्र होती है। झील का शांत जल एक समतल सतह प्रदर्शित करता है। (2) समतल रेखा (Level Line)   समतल सतह पर स्थित कोई भी सीध...

Steel structures MCQ part 6

 1 घूर्णन त्रिज्या का मान है। a) r=√ I/A  b) r = I^2/ L  c) r= 2I/ A  d) सभी  2 निम्न में से कौन सी आयलर सूत्र की सीमाएं है। a) ये बड़े कॉलम के लिए विश्वसनीय परिणम नहीं देता है। b) ये छोटे कॉलम के लिए विश्वसनीय परिणम नहीं देता है।  c)  ये मध्यम कॉलम के लिए विश्वसनीय परिणम नहीं देता है।  d) सभी  3- संपीडन की सामर्थ्य का सूत्र है। a) P= Aex σac  b) F= MxA  c) P= σacx Ae  d) a और c दोनो  4 सतत उपांग के लिए निम्न में से क्या सत्य है। a)सतत उपांग  की प्रभावी लम्बाई= 0.7L से 1.0L तक होती हैं। b) अनुमेय अक्षीय सम्पीडन प्रतिबल= 2σac  c) उपरोक्त दोनों  d) कोई भी नहीं  5 असतत उपांग के लिए निम्न में से क्या सत्य है।  a) असतत उपांग  की प्रभावी लम्बाई= 0.7L से 1.0L तक होती हैं। b)असतत उपांग  की प्रभावी लम्बाई= L   c )अनुमेय अक्षीय सम्पीडन प्रतिबल= 0.8σac  d) b और c  6 

Steel structures MCQ part 5

 1- निम्न में कौन से सम्पीडन उपांग है  a) धरन (Beam)  b) रॉड (आर)  c) स्तम्भ (Column)  d) केबल (Cable)  2-सम्पीडन उपांग की प्रभावी लम्बाई है ,जब उसके दोनो सिरे आबद्ध ( fixed) हो a)2.0L  b) 1.0L  c) .8L  d)0.65L  3- तनुता अनुपात है  a) l/r  b) 2l/r  c) 2l/r  d) 3l/r  4- ऐसा उपांग जो अचल भार और अध्यारोपित भार दोनो वहन करता है , तनुता अनुपात होगा। a)180  b)350  c) 250  d) 450  5- आयलर का सूत्र है  a) P= π 2EI /L^2  b)P= π^2EI /L^2  c) P= 2π EI /L^2  d) P= π EI /L^2 6- सतत उपांग वो उपांग होता है जिसकी  a) प्रभावी लम्बाई 0.7L से 1.0L तक होती है। b) जिसका सम्पीडन प्रतिबल = σac होता है। c) जिसका तनुता अनुपात का मान 180 से अधिक नहीं  d) उपरोक्त सभी  e) केवल a और b  7-एकल कोणीय खण्ड जिसकी केवल एक टांग प्लेट से जुड़ी हो ,शुद्ध प्रभावी क्षेत्रफल  a) Anet= A1+A2K  b) Anet= A1+3A2K  c) Anet= 2A1+A2K  d) Anet=2A1k+A2  8- प्रश्न 7 में k का मान ...

Steel structures MCQ part 4

  Steel structures Objective  1- कौन से इस्पात के खण्ड हैं। a) T खण्ड  b) कोणीय खण्ड  c) चैनल खण्ड  d) उपरोक्त सभी  2- पृथककारी किसे कहते है। a) कोणीय खण्ड को  b) T खण्ड को  c) ये सयोजित खण्ड घटक के दोनो ओर लगे रहते है। d ) गसेट प्लेट को  3- तनन उपांग की सामर्थ्य का सूत्र है। a) सामर्थ्य= खण्ड का शुद्ध क्षेत्रफल x अनुज्ञेय प्रतिबल  b) सामर्थ्य= खण्ड का सम्पूर्ण क्षेत्रफल x अनुज्ञेय प्रतिबल  c) A और B दोनो  d) कोई भी नहीं  4- श्रृखला रिवेट पद्धति में शुद्ध क्षेत्रफल है। a) (B-nd)t  b)(B-nd)+n1{p1^2/4g}  c) (B-nd)+n1{p1^2/4g}t  d) A और C दोनो  5- गसेट प्लेट होती है। a) कोणीय खण्ड  b) दो कोणीय खण्ड से जुड़ा हुआ संधाटित कोणीय खण्ड  c) कैचियो के विभिन्न उपांगो को एक दूसरे से जोड़ने के लिए प्रयोग की जाने वाली प्लेट  d) एक कोणीय खण्ड और एक चैनल खण्ड  6- तनन उपांगों में रिवेटो का अधिकतम पिच होता है। a) सामान्य व्यास के 2.5 गुना से कम  b) किन्ही दो निकटतम रिवेटो केंद्रों के बीच दूरी 32t ...

Compression member सम्पीडन उपांग

  सम्पीडन उपांग ( Compression member) किसी संरचना का कोई भी अवयव जिसपर सम्पीडन बल लगता है। सम्पीडन उपांग कहलाता है। इस बल के कारण उपांग की लम्बाई में कमी आती है।  सम्पीडन उपांगो के प्रकार (Type of compression member) 1) स्ट्रट ऐसा सम्पीडन उपांग  जहां भार अनुदैर्घ्य अक्ष के संकेंद्रित कार्य करता है।  2) स्तंभ , खम्भा या पोस्ट  बिल्डिंग में ऊर्ध्वाधर सम्पीडन उपांग को स्तम्भ ,खम्भा या पोस्ट कहते है।  सम्पीडन उपांगो की प्रभावी लम्बाई  प्रभावी लम्बाई स्तम्भ की वास्तविक लम्बाई और उनके सिरों की स्थिति के अनुसार निर्धारित होती है। प्रभावी लम्बाई Le = KL  जहां Le= सम्पीडन उपांग की प्रभावी लम्बाई         K= प्रभावी लम्बाई गुणांक         L= सम्पीडन उपांग की वास्तविक लम्बाई  घूर्णन त्रिज्या (Radius of Gyration)  घूर्णन त्रिज्या को r से प्रदर्शित करते है।                         r=√l/A  जहां I = खण्ड का जडत्व अघूर्ण हैं   ...

Surveying MCQ part 4

 (1)-दिकमान कहते है।  A) दो रेखाओं के बीच का कोण  B) दो याम्योत्तर के बीच का कोण  C) किसी याम्योत्तर तथा सर्वे रेखा के बीच का कोण  D) इनमे से कोई नही  (2) सत्य याम्योत्तर के संबंध में निम्न में से कौन सा कथन सही है। A) इसकी दिशा हमेशा बदलती रहती है। B) इसकी दिशा समय समय पर अलग अलग होती है। C) इसकी दिशा अपरिवर्तनीय होती है।  D) उपरोक्त सभी  3- दिकसूचक का अस्थाई  समायोजन करने के लिए निम्न में क्या आवश्यक है। A)केन्द्रण  B) समतलन  C) प्रिज्म का फोकसन  D) उपरोक्त सभी  4-पूर्णवृत्त दिकमान प्रणाली में रेखा का दिकमान निकालते है  A) उत्तर दिशा से  B) पूरब दिशा से  C) दक्षिण दिशा से  D) पश्चिम दिशा से  5- चतुर्थांश दिकमान प्रणाली मे रेखा का दिकमान निकालते है । A) उत्तर दिशा से  B) पूरब और उत्तर दिशा दोनो से जहा से रेखा करीब है  C) उत्तर और दक्षिण दिशा दोनो से जहा से रेखा करीब है  D) केवल दक्षिण दिशा से  (6)20° -40' का मान दिकमान प्रणाली मे  होगा  A)S 45°-46' w  B) S 48°-70...

Compass survey part3

  दिकमानो को एक पद्धति से दूसरी पद्धति में परिवर्तन (conversion of Bearing from one system to the other  R.B को पूर्णवृत् दिकमान W.C.B मे बदलने के नियम  समानीत दिकमान  चतुर्थाश          पूर्णवृत्त दिकमान         R.B            Quadrant           W.C.B              Angle NθE                प्रथम                W.C.B= R.B    0° से 90° SθE                  द्वितीय।          180°-R.B      90°-180 ° SθW                 तृतीय              180°+R.B     180°-270° N θW           चतुर्थ।             ...